मिर्ज़ा ग़ालिब 🥀01

 तुझसे क़िस्मत में मेरी सूरते-क़ुफ़्ले-अबजद


था लिखा बात के बनते ही जुदा हो जाना..

▪️मिर्ज़ा ग़ालिब

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